एचयूआईडी के विरोध में सर्राफा व्यपारियों ने की हड़ताल
फ़तेहपुर।
सरकार द्वारा एचयूआईडी अनिवार्य किए जाने को लेकर सर्राफा व्यापारियों ने अपने-अपने प्रतिष्ठानों को बंद कर एक दिवसीय हड़ताल का आयोजन करते हुए जमकर नारेबाजी व प्रदर्शन किया। सर्राफा कारोबारियों ने सरकार से एचयूआईडी की अनिवार्यता का निर्णय वापस लेने की मांग किया।
सोमवार को केंद्र सरकार द्वारा सर्राफा कारोबारियों के लिए आभूषणों की बिक्री में एचयूआईडी अनिवार्य बनाये जाने को लेकर फ़तेहपुर सर्राफा एसोसिएशन के अध्यक्ष पप्पन रस्तोगी की अगुवाई में शहर के सर्राफा व्यपारियो ने हड़ताल करते हुए प्रतिष्ठानों को बंद रखकर चैक बाजार में धरना दिया। इस दौरान जमकर प्रदर्शन करते हुए सरकार से निर्णय वापस लिए जाने की मांग किया। धरने को सम्बोधित करते हुए सर्राफा एसोसिएशन के अध्यक्ष पप्पन रस्तोगी ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा एचयूआईडी को अनिवार्य बनाया गया है, जिससे छोटे कारोबारियों को व्यापार करने में परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने बताया कि इस निर्णय से छोटे कारोबारियों को कम्प्यूटर व प्रिंटर खरीदने के साथ ही ऑपरेटर का अतिरिक्त खर्च करना पड़ेगा। जो छोटे कारोबार करने वालों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ है। उन्होंने कहा कि इस तरह का निर्णय सर्राफा कारोबारियों का मानसिक व आर्थिक शोषण करने जैसा कदम है। उन्होंने सरकार से निर्णय वापस लिए जाने की मांग किया। साथ ही बताया कि सरकार के निर्णय का सांकेतिक रूप से एक दिनी प्रदर्शन किया गया है। यदि सरकार निर्णय को वापस नहीं लेती तो सर्राफा एसोसिएशन प्रान्तीय नेतृत्व के निर्णय पर अनिश्चितकालीन हड़ताल करेंगे। वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष बृजेश सोनी ने बताया कि केंद्र सरकार के इस शोषणपूर्ण निर्णय का सभी सर्राफा व्यापारियों द्वारा पुरजोर विरोध किया जा रहा है। सरकार यदि सर्राफा कारोबारियों की समस्याओ का निदान नहीं करती तो सांकेतिक धरने को अनिश्चित कालीन धरने के रूप में बदल कर पुरजोर विरोध किया जाएगा। इस मौके पर महामंत्री धर्मेंद्र गुप्ता, उमेश सोनी, अमित सोनी, योगेश रस्तोगी, राजेन्द्र सर्राफ, मोनू रस्तोगी, अभिषेक रस्तोगी, रवि गुप्ता, दयाल रस्तोगी, दिनेश सोनी, रमेश सोनी आदि रहे।
सोमवार को केंद्र सरकार द्वारा सर्राफा कारोबारियों के लिए आभूषणों की बिक्री में एचयूआईडी अनिवार्य बनाये जाने को लेकर फ़तेहपुर सर्राफा एसोसिएशन के अध्यक्ष पप्पन रस्तोगी की अगुवाई में शहर के सर्राफा व्यपारियो ने हड़ताल करते हुए प्रतिष्ठानों को बंद रखकर चैक बाजार में धरना दिया। इस दौरान जमकर प्रदर्शन करते हुए सरकार से निर्णय वापस लिए जाने की मांग किया। धरने को सम्बोधित करते हुए सर्राफा एसोसिएशन के अध्यक्ष पप्पन रस्तोगी ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा एचयूआईडी को अनिवार्य बनाया गया है, जिससे छोटे कारोबारियों को व्यापार करने में परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने बताया कि इस निर्णय से छोटे कारोबारियों को कम्प्यूटर व प्रिंटर खरीदने के साथ ही ऑपरेटर का अतिरिक्त खर्च करना पड़ेगा। जो छोटे कारोबार करने वालों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ है। उन्होंने कहा कि इस तरह का निर्णय सर्राफा कारोबारियों का मानसिक व आर्थिक शोषण करने जैसा कदम है। उन्होंने सरकार से निर्णय वापस लिए जाने की मांग किया। साथ ही बताया कि सरकार के निर्णय का सांकेतिक रूप से एक दिनी प्रदर्शन किया गया है। यदि सरकार निर्णय को वापस नहीं लेती तो सर्राफा एसोसिएशन प्रान्तीय नेतृत्व के निर्णय पर अनिश्चितकालीन हड़ताल करेंगे। वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष बृजेश सोनी ने बताया कि केंद्र सरकार के इस शोषणपूर्ण निर्णय का सभी सर्राफा व्यापारियों द्वारा पुरजोर विरोध किया जा रहा है। सरकार यदि सर्राफा कारोबारियों की समस्याओ का निदान नहीं करती तो सांकेतिक धरने को अनिश्चित कालीन धरने के रूप में बदल कर पुरजोर विरोध किया जाएगा। इस मौके पर महामंत्री धर्मेंद्र गुप्ता, उमेश सोनी, अमित सोनी, योगेश रस्तोगी, राजेन्द्र सर्राफ, मोनू रस्तोगी, अभिषेक रस्तोगी, रवि गुप्ता, दयाल रस्तोगी, दिनेश सोनी, रमेश सोनी आदि रहे।
