गाली-गलौच से गुस्से में आकर ली जान
चंद्रेश्वरनगर निवासी तुषार के हत्यारोपी युवक अरुण खैर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने कहासुनी और गाली-गलौच से गुस्से में आकर तुषार का मफलर से गला दबाकर मौत के घाट उताने का गुनाह कबूल किया है। पेशी के बाद आरोपी को अदालत ने न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है। एसपी ग्रामीण कमलेश उपाध्याय ने शुक्रवार को तुषार की हत्या का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि एक जनवरी की सुबह 30 वर्षीय तुषार को जख्मी हालत में मायाकुंड स्थित केवलानंद चौक से सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। गंभीर चोटें लगने की वजह से चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। तुषार के पिता बब्लू की शिकायत पर अरुण खैर पुत्र स्व. राजवीर सिंह निवासी चंद्रेश्वरनगर, ऋषिकेश और मूल निवासी ग्राम नगला, थाना दोघट, बागपत, यूपी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था। भागने की फिराक में बस अड्डे पर पहुंचे आरोपी अरुण को पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर दबोच लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह एक जनवरी की तड़के त्रिवेणीघाट पर चाय पीने के लिए गया था। इसी बीच उसे तुषार रास्ते मिला था और झगड़ा होने की बात कही थी। साथ चलने पर उसने एक घर में जाने के लिए कहा, तो मना करने पर तुषार ने गाली-गलौच शुरू कर दी। गुस्से में उससे मारपीट के दौरान वह नीचे गिर गया। उसके गले में पहने मफलर से गला दबाया, जिससे उसका मुंह भी जख्मी हो गया।
