हम टिकट काटने से नहीं डरते, रिकॉर्ड वोटों से हारेंगे शेट्टार और सावदी: अमित शाह
नई दिल्ली। कर्नाटक में होने जा रहे विधानसभा चुनाव में अब कुछ ही दिनों का वक्त रह गया है। पीएम मोदी समेत भाजपा के कई दिग्गज लगातार प्रदेश का दौरा कर रहे हैं। शाह ने कर्नाटक विधानसभा चुनाव में बीजेपी की जीत का दावा किया है। उन्होंने ये भी दावा किया कि बीजेपी को बहुमत से 15 सीटें ज्यादा मिलेंगी।
कांग्रेस समेत विपक्षी दल कर्नाटक में बीजेपी सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगा रहे हैं। इसके जवाब में शाह ने कहा, श्माइक में किसी पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाने से कुछ नहीं होता है। कांग्रेस सबूत के साथ एक भी आरोप नहीं लगा सकी है। अगर कुछ है तो साक्ष्य के साथ सामने आएं। कांग्रेस के नेताओं पर साक्ष्य के साथ भ्रष्टाचार साबित हुआ है। चार्जशीट हुई है, जेल गए हैं और बेल पर बाहर आए हैं। कर्नाटक की जनता इसे जानती है। कांग्रेस किसे भ्रमित कर रही है।
अमित शाह ने पार्टी पर लगे परिवारवाद के आरोपों पर भी सफाई दी। शाह ने कहा, श्परिवारवाद को इस तरह नहीं देखा जाना चाहिए। परिवारवाद है- जवाहर लाल नेहरू, इंदिरा गांधी, राजीव गांधी, सोनिया गांधी। मुलायम सिंह यादव, अखिलेश यादव। देवेगौड़ा… फिर एक बेटा, फिर दूसरा बेटा, फिर बहू फिर कोई और। पार्टी एक परिवार के हाथ से शुरू होती है और परिवार पर ही खत्म होती है। अगर पार्टी में कोई काम कर रहा है तो वह पार्टी का हुआ। अपनी क्षमता से उसे मौका मिलेगा।
अमित शाह ने बीजेपी से बगावत करने वाले जगदीश शेट्टार और सावदी भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि हम उन्हें टिकट दे देते तो बाहर नहीं जाते, लेकिन हमने फैसला लिया, हम नहीं डरते। हमने तो स्टैंड लिया और मैं आपको बता दूं कि दोनों लोग बहुत बड़े मार्जिन से हारेंगे। यही उदाहरण है कि हम जाति की राजनीति नहीं करते और जनता भी नहीं चाहती है। पिछले नौ साल में केंद्र सरकार और चार साल में प्रदेश की भाजपा की सरकार ने लाभार्थियों की इतनी बड़ी जाति खड़ी कर दी है कि उसमें सब कुछ समाहित हो गया है। यह शायद पत्रकारों को नहीं दिखाई देता है, लेकिन हमें दिखाई देता है।
अमित शाह ने बीजेपी के कार्यकाल में शुरू हुई योजनाएं भी गिनाईं। शाह ने कहा कि कर्नाटक में पिछले चार साल में चार लाख घर बनाने का काम हुआ है। जल जीवन मिशन में 43 लाख कनेक्शन दिए गए हैं। 48 लाख शौचालय बनाए गए हैं। अन्न योजना के लाभार्थी चार करोड़ हैं। किसान सम्मान निधि पूरे देश में छह हजार रुपये है, यहां प्रदेश सरकार भी चार हजार रुपये जोड़कर कुल 10 हजार रुपये दे रही है। प्रदेश के कई हिस्सों में वर्षों से अटकी जल की समस्या पर सरकार ने काम किया। पिछले चार साल में सिंचाई के क्षेत्र में जो कुछ हुआ, पहले कभी नहीं हुआ था। 14 लटकी हुई सिंचाई योजनाओं को केंद्र और राज्य सरकार ने मिलकर शुरू किया और परवान चढ़ाया। इतना बजट पहले कभी नहीं खर्च हुआ था। सबसे ज्यादा एफडीआइ कर्नाटक में आया है। मोदी जी के प्रधानमंत्री बनने के बाद बेंगलुरु मेट्रो में 13 हजार करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। स्टार्ट-अप में कर्नाटक आगे है। शाह ने कांग्रेस पर तंज भी कसा है। उन्होंने कहा कि कर्नाटक जैसी गारंटी कांग्रेस ने गुजरात में भी दी थी, असम, उत्तर प्रदेश जैसे कई राज्यों में दी थी, लेकिन हर जगह हार गए। जिस पार्टी की ही गारंटी नहीं है, वह क्या गारंटी देगी। वैसे सवाल तो यह है कि जिस पांच गारंटी की बात कर रहे हैं, उसे छत्तीसगढ़ में, राजस्थान में दे दिया है क्या। वहां तो अब कांग्रेस को पांच साल होने को आ रहे हैं। जनता सब देखती है, कोरे भाषण से कुछ नहीं होता है। हमने मुफ्त की रेवड़ी बांटने की जगह लोगों का जीवन स्तर उठाने का काम किया है। घर दिया, पानी दिया, शौचालय दिया, गैस दिया, स्वास्थ्य बीमा दिया। असर इसका होता है।
