राष्ट्रीय लोक अदालत में हुआ 164 लंबित वादों में 158 का मौके पर निस्तारण
ऋषिकेश। एक दिवसीय राष्ट्रीय लोक अदालत में फौजदारी और दीवानी वादों से जुड़े 164 मामले आए। सीनियर सिविल जज भवदीप रावते की बैंच में सुनवाई के बाद 158 वादों का मौके पर निस्तारण किया गया। ज्यादातर मामले पारिवारिक और चेक विवाद से संबंधित रहे।
शनिवार को ऋषिकेश कोर्ट में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। लोक अदालत में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के बकाया ऋण धनराशि, चेक बाउंस, पारिवारिक विवाद आदि वाद आए। इनका दोनों पक्षों में समझौते के आधार पर निस्तारण किया गया। राष्ट्रीय लोक अदालत में मामले पारिवारिक न्यायालय, अपर जिला जज प्रथम, द्वितीय, सिविल जज सीनियर डिवीजन, सिविल जज जूनियर डिवीजन, अपर सिविल जज और न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में आए। इनकी सुनवाई सीनियर सिविल जल भवदीप रावते की बैंच में की गई। बताया कि चेक बाउंस के 55, मोटर एक्सीडेंट क्लेम के चार, पारिवारिक विवाद के 12, लंबित आपराधिक वाद 72 समेत अन्य 19 मामले आए। इनमें से 158 का मौके पर निपटारा कराया गया। मौके पर पीएनबी बैंक प्रबंधक अंजलि नेगी, पल्लवी प्रसाद, एनएस नेगी, प्राविधिक कार्यकर्ता अमिता चौहान, कंचन बंसल आदि मौजूद रहे।
